पहले हिंदू बनकर फंसाया, फिर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया:अब तेजाब फेंकने की धमकी का आरोप, दुष्कर्म और धर्म परिवर्तन के मुकदमे में होनी है गवाही
मुजफ्फरनगर में दुष्कर्म और धर्म परिवर्तन से जुड़े मामले में पीड़िता ने एक बार फिर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से सुरक्षा और कार्रवाई की गुहार लगाई है। गुरुवार दोपहर करीब 3 बजे पुलिस कप्तान ऑफिस पहुंची महिला का आरोप है कि जिस आरोपी के खिलाफ पहले से मुकदमा विचाराधीन है, वह अब कोर्ट में गवाही से पहले लगातार समझौते का दबाव बना रहा है और मना करने पर तेजाब फेंकने तथा पुराने आपत्तिजनक वीडियो वायरल करने की धमकी दे रहा है। पीड़िता द्वारा दिए गए शिकायती पत्र के अनुसार, आरोपी ने शुरुआत में खुद को हिंदू बताकर उससे दोस्ती की थी। बाद में शादी का झांसा देकर उसे अपने प्रेमजाल में फंसाया और हरिद्वार ले जाकर विवाह किया। महिला का आरोप है कि शादी के बाद आरोपी की वास्तविक पहचान सामने आई और उसने उस पर धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया। महिला का कहना है कि विरोध करने पर आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद वर्ष 2022 में थाना खतौली में आरोपी इमरान पुत्र अब्दुल रज्जाक निवासी खोखनी के खिलाफ दुष्कर्म, उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया था। यह मामला वर्तमान में मुज़फ्फ़रनगर की एफटीसी-2 कोर्ट में विचाराधीन है। पीड़िता का आरोप है कि अब जब मामले में उसकी गवाही होनी है, तब आरोपी लगातार समझौते के लिए दबाव बना रहा है। शिकायत में कहा गया है कि आरोपी धमकी देता है कि यदि उसने कोर्ट में उसके खिलाफ बयान दिया तो वह उस पर तेजाब फेंक देगा और पुराने निजी वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी पहले से आठ बच्चों का पिता है और उसने यह तथ्य उससे छिपाकर शादी की थी। पीड़िता के अनुसार, इससे पहले भी उसने आरोपी द्वारा धमकी दिए जाने की शिकायत पुलिस से की थी, लेकिन उस समय केवल शांति भंग की आशंका में कार्रवाई की गई थी। अब दोबारा मिल रही कथित धमकियों से वह और उसकी बेटी दहशत में हैं। पीड़िता ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से आरोपी के खिलाफ नई एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई करने, अपनी और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।

