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बाढ़ पीड़ितों तक पैदल पहुंचकर परिवारों को बांटी राहत सामग्री:बलिया में गंगा-सरयू का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर, अजय शंकर ने बांटे राहत पैकेट

बलिया में गंगा और सरयू नदी की बाढ़ का असर लगातार बना हुआ है। जिला प्रशासन के साथ समाजसेवी और जनप्रतिनिधि भी बाढ़ प्रभावित लोगों तक राहत सामग्री पहुंचा रहे हैं। इसी क्रम में बांसडीह विधानसभा क्षेत्र के निषाद पार्टी नेता अजय शंकर पाण्डेय ‘कनक’ शुक्रवार को अपने साथियों के साथ बाढ़ प्रभावित सुल्तानपुर पहुंचे। वह पैदल बाढ़ का पानी पार कर पीड़ित परिवारों तक पहुंचे और सैकड़ों परिवारों को राहत पैकेट वितरित किए। आटा-चावल समेत जरूरी सामान बांटा राहत पैकेट में आटा, चावल, तेल, सोयाबीन, नमक, मसाला और मोमबत्ती समेत रोजमर्रा की जरूरत का सामान शामिल था। बाढ़ के बीच राहत सामग्री मिलने पर प्रभावित परिवारों ने राहत की सांस ली। अजय शंकर पाण्डेय ‘कनक’ ने बताया कि बाढ़ राहत सामग्री वितरण का अभियान तब तक जारी रहेगा, जब तक सभी प्रभावित परिवारों तक मदद नहीं पहुंच जाती। उन्होंने कहा कि सुल्तानपुर के बाद अगले दिन दूसरी और उसके बाद तीसरी जगह राहत सामग्री पहुंचाई जाएगी। प्रयास है कि कोई भी बाढ़ पीड़ित परिवार मदद से वंचित न रहे। मंत्री के निर्देश पर राहत अभियान कनक पाण्डेय ने बताया कि निषाद पार्टी के नेता और राज्य सरकार के मंत्री डॉ. संजय निषाद ने सभी बाढ़ पीड़ितों तक पहुंचकर हरसंभव मदद करने के निर्देश दिए हैं। इसी के तहत वह अपने साथियों के साथ राहत अभियान में जुटे हैं। इस दौरान शम्भूकांत तिवारी, नीरज पाण्डेय, योगेश पाण्डेय, कुंदन पाण्डेय, गोलू पटेव, सतीश गुप्ता और भुआल तिवारी मौजूद रहे। गंगा-सरयू का जलस्तर अभी खतरे के ऊपर शुक्रवार को गंगा नदी का जलस्तर कुछ कम हुआ, लेकिन नदी अभी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। वहीं सरयू नदी का जलस्तर स्थिर बना हुआ है और वह भी खतरे के निशान से ऊपर है। ऐसे में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य लगातार जारी हैं।

र्जी दस्तावेज-फोटो बदलकर अग्निवीर बनने का आरोप:3 युवकों पर FIR; दूसरे लोगों के नाम पर हासिल की नौकरी

ललितपुर में अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया में फर्जी दस्तावेज और फोटो बदलकर नौकरी हासिल करने का मामला सामने आया है। जिला मजिस्ट्रेट के निर्देश पर चयनित अभ्यर्थियों के चरित्र और पुराने रिकॉर्ड की जांच के दौरान फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। साइबर थाना प्रभारी शावेज खान की शिकायत पर शुक्रवार को कोतवाली में तीन युवकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। यशवंत के नाम पर कन्हैया की फोटो लगाने का आरोप जांच में सामने आया कि यशवंत लोधी के नाम से 58 गोरखा ट्रेनिंग सेंटर, शिलॉन्ग, मेघालय में अग्निवीर के तौर पर चयन हुआ था। आरोप है कि भर्ती से जुड़े दस्तावेजों पर यशवंत की जगह उसके दोस्त कन्हैया पुत्र आशाराम निवासी बिरारी की फोटो लगी थी। पुलिस के अनुसार, कन्हैया ने अपने दोस्त के नाम और दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। उसने दस्तावेजों पर अपनी फोटो लगाकर भर्ती प्रक्रिया में फर्जी तरीके से नौकरी हासिल की। रामचरन के दस्तावेजों के इस्तेमाल का आरोप दूसरे आरोपी आकाश पुत्र मुन्नालाल निवासी बीघाखेत महर्रा पर भी फर्जीवाड़े का आरोप है। पुलिस के मुताबिक, आकाश ने रामचरन नाम के व्यक्ति के दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल किया। इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर अग्निवीर भर्ती में नौकरी हासिल करने का आरोप है। रामकुमार के दस्तावेजों से भर्ती होने का आरोप तीसरे आरोपी वीरेंद्र पुत्र कृष्णपाल लोधी निवासी बीघामहावत पर रामकुमार के दस्तावेजों का दुरुपयोग करने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, वीरेंद्र ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अग्निवीर के तौर पर चयन हासिल किया। दूसरों की पहचान का इस्तेमाल करने का आरोप पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि तीनों आरोपियों ने दूसरे लोगों के नाम और दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। आरोप है कि अपनी पहचान छिपाकर फर्जी दस्तावेजों के जरिए भर्ती प्रक्रिया में नौकरी हासिल की गई। सरकारी पैसे के इस्तेमाल की भी जांच पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि फर्जी तरीके से भर्ती होने के बाद आरोपियों को सरकारी धन का कितना लाभ मिला। कोतवाली पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जौनपुर गोलीकांड में 8 आरोपियों पर 25-25 हजार का इनाम:करंजाकला मोड़ पर युवक को मारी थी गोली; पुलिस ने आम लोगों से सहयोग मांगा

जौनपुर में सरायख्वाजा थाना क्षेत्र में करंजाकला मोड़ तिराहे के पास 9 सितंबर को हुई गोलीबारी के मामले में पुलिस ने फरार आरोपियों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। फायरिंग में विपिन यादव को गोली लगी थी। आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर पुलिस ने शुक्रवार को 8 फरार आरोपियों पर 25-25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया है। जान से मारने की नीयत से हुई थी फायरिंग पुलिस के मुताबिक, 9 सितंबर को करंजाकला मोड़ तिराहे के पास जान से मारने की नीयत से फायरिंग की गई थी। ताबड़तोड़ गोलियां चलने से इलाके में दहशत फैल गई थी। मामले में कई लोगों को नामजद किया गया था। गिरफ्तारी नहीं होने पर अब पुलिस ने इन पर इनाम घोषित किया है। इन 8 आरोपियों पर घोषित हुआ इनाम एसएसपी के निर्देश पर शिवम उर्फ निरहू यादव पुत्र घुट्टुर यादव, आदित्य यादव उर्फ गब्बर यादव, अंकित यादव पुत्र सुभाष यादव और सत्यम यादव पुत्र अमलदार यादव पर इनाम घोषित किया गया है। ये सभी खजुरा, थाना सरायख्वाजा के रहने वाले हैं। इनके अलावा अवनीश यादव निवासी भैसनी, संतोष पाल पुत्र अमरनाथ पाल निवासी खजुरा, सोनू सिंह पुत्र तेजप्रताप सिंह निवासी खजुरा और ओम प्रकाश सिंह पुत्र रामजनम सिंह निवासी गडैला भी वांछित हैं। जानकारी देने वाले को मिलेगा इनाम पुलिस के अनुसार, आठों आरोपियों पर 25-25 हजार रुपए का इनाम है। आरोपियों की गिरफ्तारी कराने या उनके बारे में महत्वपूर्ण सूचना देने वाले को नियमानुसार इनाम दिया जाएगा। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि आरोपियों के बारे में जानकारी मिलने पर नजदीकी थाने या जौनपुर पुलिस को सूचना दें। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी। गिरफ्तारी के लिए पुलिस की दबिश जारी घटना के बाद से पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है। इनाम घोषित होने के बाद पुलिस को आरोपियों के बारे में अहम सुराग मिलने की उम्मीद है। अब सभी आठ आरोपियों की गिरफ्तारी पुलिस के लिए बड़ी चुनौती है।

चंदौली में जन-चौपाल में विधायक ने सुनी ग्रामीणों की समस्याएं:5 विकास कार्यों का किया लोकार्पण, अधिकारियों को समस्याओं के जल्द समाधान के दिए निर्देश

चंदौली के महेशी गांव में शुक्रवार शाम जन चौपाल और लोकार्पण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें विधायक सुशील सिंह ने ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से समस्याओं की जानकारी लेते हुए जल्द समाधान के निर्देश दिए। जन चौपाल के बाद विधायक ने क्षेत्र पंचायत की ओर से महेशी गांव में कराए गए पांच विकास कार्यों का लोकार्पण किया। सड़क, आवास और पेंशन की समस्याएं बताईं जन चौपाल में खाद्य एवं रसद, स्वास्थ्य, समाज कल्याण, पंचायती राज, बिजली, मिशन बाल विकास, कृषि और मिशन शक्ति समेत कई विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। ग्रामीणों ने विधायक के सामने सड़क, आवास, पेंशन, राशन, कृषि समेत अन्य समस्याएं रखीं। विधायक ने संबंधित अधिकारियों से समस्याओं की जानकारी ली और उनके जल्द निस्तारण के निर्देश दिए। इस दौरान कई समस्याओं का मौके पर ही समाधान भी कराया गया। योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने पर जोर विधायक सुशील सिंह ने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने ग्रामीणों को केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का समय पर और बेहतर तरीके से समाधान करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सभी की जिम्मेदारी है। वह जनता की सेवा और क्षेत्र के विकास के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। पांच विकास कार्यों का लोकार्पण जन चौपाल के बाद विधायक ने महेशी गांव में क्षेत्र पंचायत की ओर से कराए गए पांच विकास कार्यों का लोकार्पण किया। इस दौरान ग्रामीणों में खुशी दिखाई दी। ग्रामीणों ने विधायक का स्वागत किया, जिस पर उन्होंने सभी का आभार जताया। विधायक ने कहा कि जनता का विश्वास ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने क्षेत्र के विकास और लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए आगे भी लगातार प्रयास करने की बात कही। कार्यक्रम में ब्लाक प्रमुख अजय सिंह, प्रदीप सिंह, घनश्याम मिश्रा, धरणीधर मिश्रा, हीरामन कनौजिया, रामजन्म गोंड, राजेश सिंह, राजू गुप्ता, डॉ. नंद कुमार मौर्य और सुधीर कुमार समेत अन्य लोग मौजूद रहे।

9 महीने बाद परिवार से मिला रेहान,नानी-मौसी बिहार ले गईं:सागर सिंह राहुल के प्रयास से हुई घर वापसी, नानी और मौसी लेने पहुंचीं बिहार

बलिया में करीब नौ महीने से परिवार से बिछड़ा बिहार के पूर्णिया जिले के भवानीपुर निवासी मुहम्मद रेहान आखिरकार अपने घर लौट गया। बुधवार को बलिया के गुदरी बाजार में मिलने के बाद सागर सिंह राहुल ने उसके परिजनों से संपर्क किया। शुक्रवार को रेहान की नानी और मौसी उसे लेने बलिया पहुंचीं और अपने साथ बिहार ले गईं। गली में घूमता मिला था रेहान सागर सिंह राहुल ने बताया कि बुधवार शाम कुछ लड़कों ने फोन कर बताया कि एक लड़का शहर के गुदरी बाजार की एक गली में घूम रहा है। सूचना पर वह मौके पर पहुंचे और लड़के को अपने घर ले आए। पूछताछ में लड़के ने अपना नाम रेहान बताया। उसने बताया कि वह दिल्ली से भटककर बलिया पहुंच गया था। इसके बाद सागर ने रेहान के बताए विवरण के आधार पर उसके परिजनों से संपर्क किया। नानी-मौसी ने पहुंचकर लगाया गले रेहान के मिलने की सूचना मिलते ही उसकी नानी और मौसी बलिया के लिए रवाना हो गईं। करीब 48 घंटे का सफर तय कर वे पूर्णिया से बलिया पहुंचीं। लंबे इंतजार के बाद रेहान को सामने देखकर दोनों ने उसे गले लगा लिया। सागर के मुताबिक, रेहान जब अपने परिवार के साथ जाने लगा तो उसने खुशी में उन्हें 500 रुपये दिए और कहा कि इससे “चिकन” खा लेना। पिता की मौत के बाद दिल्ली आ गया था परिवार जानकारी के अनुसार, रेहान के पिता के निधन के बाद उसकी मां बच्चों को लेकर दिल्ली आ गई थीं। वह वहां घरेलू काम करके परिवार का पालन-पोषण करती थीं। इसी दौरान जनवरी 2025 में रेहान घर से निकलकर भटक गया था। परिजनों ने उसकी काफी तलाश की। दिल्ली के थाने में भी सूचना दी गई, लेकिन लंबे समय तक उसका कोई सुराग नहीं मिला। परिवार उसकी वापसी की उम्मीद लगाए हुए था। सागर और उनके परिवार ने की देखभाल बुधवार को रेहान के मिलने की सूचना उसके परिजनों तक पहुंची तो परिवार में खुशी का माहौल हो गया। नानी और मौसी के बलिया पहुंचने तक सागर सिंह राहुल और उनके परिवार व साथियों ने रेहान की देखभाल की। शुक्रवार को परिजन उसे अपने साथ बिहार ले गए। परिवार ने रेहान की सकुशल घर वापसी में सहयोग करने वाले सागर सिंह राहुल और अन्य लोगों का आभार जताया।

अलीगढ़ में अतिक्रमण पर नगर निगम सख्त:एक दिन में 100 से ज्यादा नोटिस, 25 हजार जुर्माना वसूला, सामान जब्त करने की चेतावनी

शहर में जाम और ट्रैफिक की समस्या से निजात दिलाने के लिए नगर निगम ने अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। गुरुवार को एटा चुंगी से मानसिंह की पुलिया तक अभियान चलाकर सड़क और फुटपाथ पर किए गए अस्थायी अतिक्रमण हटाए गए। कार्रवाई के दौरान नगर निगम की टीम ने 25 हजार रुपये का जुर्माना वसूला और अतिक्रमण का सामान जब्त किया।
सहायक नगर आयुक्त की निगरानी में प्रवर्तन दल ने पुलिस बल के साथ अभियान चलाया। वहीं, शमशाद मार्केट में 100 से अधिक अतिक्रमण करने वालों को नोटिस दिए गए। नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि नोटिस के बाद भी अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो सामान जब्त करने के साथ निर्माण को ध्वस्त किया जाएगा और जुर्माना भी वसूला जाएगा।
सड़क, फुटपाथ और नाले पर कब्जा तो कार्रवाई
नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने कहा कि सड़क, सड़क किनारे फुटपाथ, नाले-नालियों पर सामान रखकर या स्लैब डालकर रास्ता घेरने वालों को खुद अतिक्रमण हटाना होगा। नगर निगम की कार्रवाई से पहले संबंधित लोगों को अंतिम मोहलत दी जा रही है। उन्होंने बताया कि शहर के प्रमुख मार्गों की इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) से लगातार निगरानी की जा रही है। अतिक्रमण और यातायात बाधित करने वाले स्थानों पर नजर रखी जा रही है। नगर निगम का उद्देश्य मुख्य मार्गों को जाम से मुक्त कर यातायात व्यवस्था को सुचारु करना है। नगर निगम ने चेतावनी दी है कि नोटिस के बावजूद अतिक्रमण नहीं हटाने वालों के खिलाफ अगली कार्रवाई सीधे जब्ती और जुर्माने के रूप में होगी।

अलीगढ़ में ऑटो-ई-रिक्शा में महिला चोरों का आतंक:दंपति के बैग से नकदी-अंगूठी उड़ाई, महिला के कुंडल चोरी, नकदी और जेवर चोरी के भी मुकदमे दर्ज

शहर में ऑटो और ई-रिक्शा में सफर करने वाले यात्रियों को निशाना बनाकर चोरी की घटनाएं सामने आ रही हैं। बन्नादेवी क्षेत्र में दो अलग-अलग वारदातों में महिलाओं के जेवर चोरी होने के मामले दर्ज हुए हैं। एक घटना में दंपति की पत्नी के बैग से नकदी और सोने की अंगूठी गायब हुई, जबकि दूसरी में ई-रिक्शा में सफर कर रही महिला की मां के कानों से सोने के कुंडल चोरी कर लिए गए। इसके अलावा गांधीपार्क और क्वार्सी क्षेत्र में भी मारपीट कर लूट और छात्र का मोबाइल चोरी होने के मामले सामने आए हैं।
ऑटो में सवार महिलाओं पर चोरी का शक
इंद्रा नगर निवासी कमल सिंह 9 सितंबर को पत्नी ऊषा देवी के साथ गांधी आई हॉस्पिटल से ऑटो में घर लौट रहे थे। रजलगंज चौराहे पर उतरते समय पत्नी ने किराया देने के लिए बैग खोला तो उसमें रखे 1,000 रुपये और सोने की अंगूठी गायब मिली। कमल सिंह ने बताया कि ऑटो में उनके साथ कुछ अन्य महिलाएं भी बैठी थीं। बन्नादेवी पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच उपनिरीक्षक मुकुल पवार को सौंपी है।
ई-रिक्शा में महिला के कान से कुंडल पार
विकास नगर निवासी प्रियंका सिंह अपनी मां के साथ 8 सितंबर को सारसौल नाले के पास से ई-रिक्शा में बैठीं। उसमें पहले से कुछ महिलाएं और पुरुष सवार थे। साईं बिहार कॉलोनी के सामने उतरने के बाद प्रियंका ने देखा कि उनकी मां के कानों में पहने सोने के कुंडल गायब थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच उपनिरीक्षक रवींद्र यादव को दी है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और ई-रिक्शा चालक की मदद से संदिग्धों की तलाश कर रही है।
बाइक टकराने के बाद 45 हजार और सोने की चेन लूटी
गांधीपार्क क्षेत्र के दुबे का पड़ाव निवासी सुधीर कुमार ने आरोप लगाया कि उनका बेटा देव वार्ष्णेय 8 सितंबर को दुकान से 60 हजार रुपये लेकर बैंक में जमा करने निकला था। 15 हजार रुपये जमा करने के बाद वह 45 हजार रुपये लेकर पंजाब नेशनल बैंक जा रहा था। एटा चुंगी के पास बाइक सवारों ने उसकी बाइक में टक्कर मार दी। विरोध करने पर मारपीट कर 45 हजार रुपये और सोने की चेन लूटने का आरोप है।सुधीर के मुताबिक, बाद में जब पिता-पुत्र आरोपियों से बात करने और सामान वापस मांगने पहुंचे तो उन पर भी लाठी-डंडे, सरिया और धारदार हथियार से हमला किया गया। दोनों का अस्पताल में उपचार कराया गया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कोचिंग सेंटर के पास छात्र का मोबाइल चोरी
क्वार्सी क्षेत्र के मैरिस रोड स्थित ब्रिक्स एकेडमी के पास 9 सितंबर को कोचिंग आए मो. अरबाज आलम का मोबाइल चोरी हो गया। छात्र के मुताबिक, वह सुबह करीब 7 बजे कोचिंग पहुंचा था। इसी दौरान उसका काले रंग का रेडमी नोट-13 5जी मोबाइल किसी ने पार कर दिया। काफी तलाश के बाद भी फोन नहीं मिला। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

बेटे की मौत का इंसाफ मांग रहे माता-पिता:4 दिन से कलेक्ट्रेट पर धरना जारी, अफसरों ने नहीं सुनी बात

सुदिति ग्लोबल एकेडमी में वंश कश्यप की संदिग्ध मौत के मामले में न्याय की मांग को लेकर धरना चौथे दिन भी जारी है। यह धरना कलेक्ट्रेट के तिकोनिया पार्क में चल रहा है। वंश के माता-पिता चार दिन से भूख हड़ताल पर बैठे हैं। इस दौरान कई सामाजिक संगठन और राजनीतिक दल परिवार को समर्थन देने धरना स्थल पर पहुंच रहे हैं। परिवार का आरोप है कि नौ महीने से ज्यादा समय बीतने के बाद भी पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। वंश के पिता केशव कश्यप ने बताया कि उन्हें भूख हड़ताल पर बैठे चार दिन हो गए हैं। उन्होंने इस दौरान अन्न का एक दाना भी नहीं खाया है। उन्होंने कहा कि वे अपने बेटे की मौत का इंसाफ पाने के लिए भूख हड़ताल पर हैं। केशव कश्यप का आरोप है कि अब तक किसी अधिकारी ने उनकी बात नहीं सुनी और न ही कोई हल निकालने की कोशिश की है। उनका कहना है कि बेटे की मौत को नौ महीने से ज्यादा हो गए हैं। मुकदमा भी दर्ज है, लेकिन पुलिस प्रशासन ने ऐसी कोई कार्रवाई नहीं की जिससे परिवार को न्याय की उम्मीद मिले। उन्होंने यह भी बताया कि परिवार चार दिन से खुले आसमान के नीचे बैठा है। इसके बावजूद अधिकारियों ने उनकी मांगों पर कोई ठोस जवाब नहीं दिया है। उनका कहना है कि जब तक बेटे की मौत के जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक वे धरना खत्म नहीं करेंगे। वहीं, वंश की मां ज्योति कश्यप ने हाईकोर्ट से मिले स्टे पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि अगर लव मोहन को लगता है कि वे इस मामले में सही हैं और उन्होंने कुछ गलत नहीं किया है, तो फिर हाईकोर्ट से स्टे लेने की क्या जरूरत थी? ज्योति कश्यप ने कहा कि अगर उन्हें भरोसा है कि उनके खिलाफ कोई गलती नहीं हुई है, तो उन्हें जांच और कार्रवाई का सामना करना चाहिए। उन्होंने कहा कि उनका परिवार किसी से बदला लेने की मांग नहीं कर रहा है। उनकी मांग सिर्फ इतनी है कि वंश की मौत की सच्चाई सामने आए और जो भी इसके लिए जिम्मेदार है, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए। ज्योति कश्यप ने कहा कि एक मां के लिए अपने बच्चे को खोने के बाद महीनों तक न्याय की उम्मीद में अधिकारियों के चक्कर लगाना बेहद मुश्किल है, लेकिन परिवार ने अब अपनी मांग पूरी होने तक पीछे नहीं हटने का फैसला किया है। वंश कश्यप की 22 नवंबर 2025 को स्कूल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। स्कूल प्रबंधन की ओर से उसकी मौत गिरने से होने की बात कही गई थी, जबकि परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर हत्या का आरोप लगाया था। मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था। परिवार का आरोप है कि इसके बाद भी किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई। अब चौथे दिन भी तिकोनिया पार्क में वंश के माता-पिता भूख हड़ताल पर बैठे हैं। लगातार मिल रहे सामाजिक और राजनीतिक समर्थन के बीच परिवार की निगाह अब प्रशासन की अगली कार्रवाई पर है। माता-पिता का कहना है कि उन्हें आश्वासन नहीं, बेटे की मौत के मामले में ठोस कार्रवाई चाहिए।

गुंबद पर बिजली गिरी या नहीं, सत्यापित कराएगा प्रशासन:इसरो से मंगाई जाएगी रिपोर्ट; पता चलेगा असल कारण; चर्चाओं पर लगेगा विराम

राप्ती नदी के किनारे 6 सितंबर को गुंबद गिरने से दो अधिवक्ताओं की मौत मामले में जांच जारी रहेगी। प्रथम दृष्टया वहां मौजूद लोगों ने बताया था कि बिजली गिरने से ऐसा हुआ है। लेकिन बहुत से ऐसे लोग हैं, जो तर्कों के माध्यम से यह बता रहे हैं कि बिजली गिरने के कोई निशान नहीं हैं। अब प्रशासन इस मामले को वैज्ञानिक तरीके से स्पष्ट करेगा। इसके लिए राष्ट्रीय सुदूर संवेदन केंद्र (NRSC/ISRO) या भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान (IITM) पुणे से रिपोर्ट मंगाई जा रही है। रिपेार्ट आने के बाद सबकुछ साफ हो जाएगा। गोरखपुर के अधिवक्ता विनोद तिवारी की माता का निधन हो गया था। 6 सितंबर को उनका अंतिम संस्कार राप्ती नदी के तट पर निर्मित गुरु गोरक्षनाथ घाट पर हो रहा था। उसमें शामिल होने के लिए विनोद के साथी अधिवक्ता आलोक अस्थाना व संजय सिंह भी गए थे। अचानक वहां बारिश शुरू हो गई। जिससे बचने के लिए वे उसी गुंबदनुमा छज्जे के नीचे जाकर बैठ गए। थोड़ी देर बाद बारिश तेज हो गई। बताया जा रहा है कि कुछ ही देर बाद छत भरभरा कर गिर गई, जिसके नीचे दबकर दोनों अधिवक्ता बुरी तरह घायल हो गए। बाद में इलाज के दौरान दोनों लोगों की मृत्यु हो गई। प्रथम दृष्टया बिजली गिरने की बात प्रसारित हुई मौके पर मौजूद लोगों ने इस बात का दावा किया था कि बिजली की कड़कने की आवाज सुनी थी और फिर गुंबदनुमा छत गिरते देखी। लोगों के बयान के आधार पर भी प्रशासन ने प्रथम दृष्टया बिजली गिरने की बात को ही माना। इसी आधार पर दोनों दिवंगत अधिवक्ताओं के परिजनों को आपदा विभाग से आर्थिक सहायता भी दी गई है। लेकिन कुछ अधिवक्ता बिजली गिरने की बात पर सवाल उठाने लगे। उन्होंने निर्माण की गुणवत्ता खराब होने के नाते दुर्घटना होने का दावा किया। प्रशासन ने उनकी इस बात को भी गंभीरता से लिया और 5 साल पहले निर्माण कराने वाली फर्म मेसर्स अनीता सिंह, दो जेई एवं एक एई पर एफआईआर दर्ज की। सभी को हिरासत में लेकर पलिस पूछताछ कर रही है। वैज्ञानिक तरीके से कारण ढूंढने की कोशिश
इस मामले में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू होने के बाद प्रशासन ने बिजली गिरी या नहीं गिरी, इस बात की पुष्टि वैज्ञानिक तरीके से कराने का निर्णय लिया। इसके लिए रिपोर्ट मंगाई जा रही है। जमीन पर लगे विशेष सेंसर आकाशीय बिजली चमकने पर निकलने वाली रेडियो तरंगों (VLF/VHF सिग्नल) को पकड़ते हैं। कई सेंसर एक साथ बिजली गिरने के समय का मिलान करते हैं। इससे बिल्कुल सटीक जगह (अक्षांश और देशांतर) का पता चलता है। इसी आधार पर बिजली गिरने की पुष्टि होगी। यह भी देखा जाएगा कि इस क्षेत्र में सेंसर है या नहीं। सेंसर न होने पर परेशानी हो सकती है। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने कहा कि वैज्ञानिक तरीके से यह पता लगाया जाएगा कि बिजली गिरने की बात सही है या नहीं। हालांकि वहां मौजूद सभी लोगों ने बिजली गिरने की पुष्टि की है। इस मामले में निर्माण की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल खड़े किए गए थे। निर्माण करने वाले ठेकेदार, जेई व एई पर एफआईआर हो चुकी है। उच्च स्तरीय समिति इस मामले में हर बिन्दु की जांच कर रही है।

मेरठ में पेंशनर्स ने सौंपा ज्ञापन:सांसद अरुण गोविल से की मुलाकात, वैधानिक हितों के संरक्षण की मांग

मेरठ में संयुक्त पेंशनर्स कल्याण संघ के प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार को सांसद अरुण गोविल से मुलाकात कर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से पेंशनर्स के वैधानिक हितों के संरक्षण की मांग की गई। प्रतिनिधिमंडल में ए.के. कौशिक, आर.सी. खरे, जे.के. गर्ग, श्रेयांश कुमार जैन और बनी सिंह चौहान सहित अन्य सदस्य शामिल रहे।