र्जी दस्तावेज-फोटो बदलकर अग्निवीर बनने का आरोप:3 युवकों पर FIR; दूसरे लोगों के नाम पर हासिल की नौकरी
ललितपुर में अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया में फर्जी दस्तावेज और फोटो बदलकर नौकरी हासिल करने का मामला सामने आया है। जिला मजिस्ट्रेट के निर्देश पर चयनित अभ्यर्थियों के चरित्र और पुराने रिकॉर्ड की जांच के दौरान फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ। साइबर थाना प्रभारी शावेज खान की शिकायत पर शुक्रवार को कोतवाली में तीन युवकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। यशवंत के नाम पर कन्हैया की फोटो लगाने का आरोप जांच में सामने आया कि यशवंत लोधी के नाम से 58 गोरखा ट्रेनिंग सेंटर, शिलॉन्ग, मेघालय में अग्निवीर के तौर पर चयन हुआ था। आरोप है कि भर्ती से जुड़े दस्तावेजों पर यशवंत की जगह उसके दोस्त कन्हैया पुत्र आशाराम निवासी बिरारी की फोटो लगी थी। पुलिस के अनुसार, कन्हैया ने अपने दोस्त के नाम और दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। उसने दस्तावेजों पर अपनी फोटो लगाकर भर्ती प्रक्रिया में फर्जी तरीके से नौकरी हासिल की। रामचरन के दस्तावेजों के इस्तेमाल का आरोप दूसरे आरोपी आकाश पुत्र मुन्नालाल निवासी बीघाखेत महर्रा पर भी फर्जीवाड़े का आरोप है। पुलिस के मुताबिक, आकाश ने रामचरन नाम के व्यक्ति के दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल किया। इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर अग्निवीर भर्ती में नौकरी हासिल करने का आरोप है। रामकुमार के दस्तावेजों से भर्ती होने का आरोप तीसरे आरोपी वीरेंद्र पुत्र कृष्णपाल लोधी निवासी बीघामहावत पर रामकुमार के दस्तावेजों का दुरुपयोग करने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, वीरेंद्र ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अग्निवीर के तौर पर चयन हासिल किया। दूसरों की पहचान का इस्तेमाल करने का आरोप पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि तीनों आरोपियों ने दूसरे लोगों के नाम और दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। आरोप है कि अपनी पहचान छिपाकर फर्जी दस्तावेजों के जरिए भर्ती प्रक्रिया में नौकरी हासिल की गई। सरकारी पैसे के इस्तेमाल की भी जांच पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि फर्जी तरीके से भर्ती होने के बाद आरोपियों को सरकारी धन का कितना लाभ मिला। कोतवाली पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

