संभल के प्राचीन सौंधन किला देखने पहुंचे डीएम-एसपी:₹29 लाख से सौंदर्यकरण, 32 लोगों का अवैध कब्जा, पांच मकान तोड़े, अतिक्रमण जारी

संभल के प्राचीन सौंधन किले का जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने निरीक्षण किया। किले पर 32 लोगों का अवैध कब्जा है, जिनमें से पांच मकानों को बुलडोजर से तोड़ा जा चुका है। हालांकि, अभी भी अतिक्रमण बरकरार है और पात्र लोगों को पट्टा नहीं मिल पाया है। यह मामला संभल जनपद के थाना कैलादेवी क्षेत्र के गांव सौंधन मोहम्मदपुर का है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग के अधीन यह प्राचीन किला 3600 वर्ग मीटर क्षेत्र में फैला हुआ है। सोमवार शाम 4 बजे डीएम अंकित खंडेलवाल और एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई किले के सौंदर्यकरण कार्य का निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह और नायब तहसीलदार दीपक कुमार जुरैल भी उपस्थित थे। डीएम और एसपी ने हल्का लेखपाल नीरज कुमार और ग्राम प्रधान को अवैध कब्जा हटाने के निर्देश दिए। किले की लगभग ढाई बीघा जमीन पर 32 लोगों ने मकान बनाकर कब्जा कर रखा है। किले के गेट के जीर्णोद्धार पर 29 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। इससे पहले 24 अप्रैल को तत्कालीन डीएम डॉ. राजेंद्र पैंसिया और एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने भी निरीक्षण किया था। उन्होंने अवैध कब्जा हटाने और पात्र लोगों को 200 गज जमीन का पट्टा देने के सख्त निर्देश दिए थे, लेकिन बाद में डीएम का तबादला हो गया। 26 अप्रैल को राजस्व टीम ने बुलडोजर का उपयोग कर शिवराम पुत्र मुन्नी, केहर सिंह पुत्र भाय सिंह और यशवीर पुत्र अतर सिंह के मकानों को ध्वस्त कर दिया था। वहीं, नेम सिंह पुत्र सुदन सिंह और जुगेंद्र पुत्र अतराम सिंह ने अपने मकान स्वयं तोड़ दिए थे। 30 अप्रैल को एसडीएम निधि पटेल और तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह ने भी किले का निरीक्षण किया और तीन दिन के भीतर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए थे। किले के अंदर कब्जा करने वालों में हरपाल सिंह, जमुना सिंह, शिवराम सिंह, मुकेश कुमार, सोमपाल सिंह, कोमिल, सतीश कुमार, भावेश माथुर, कृष्णगोपाल माथुर, राकेश कुमार, जयपाल सिंह, वीर सिंह, राकेश कुमार और सरपंच यादव सहित अन्य लोग शामिल हैं। लेखपाल नीरज कुमार ने बताया कि ASI का साढ़े पांच बीघा भूमि पर किले की ढाई बीघा भूमि पर 30-32 लोगों का कब्जा हैं। 15-16 लोग ऐसे हैं जिनके पास रहने के लिए कोई जगह नहीं है उन्हें गांव में ही 200 गज भूमि का आवंटन किया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *