कौशांबी कोर्ट के आदेश पर बीजेपी-जिला मीडिया प्रभारी पर केस:ज्ञानेंद्र साहू ने आरोपों को बताया बेबुनियाद, बोले- राजनीतिक रंजिश में फंसाया जा रहा
कौशांबी कोर्ट के आदेश पर शुक्रवार देर रात बीजेपी जिला मीडिया प्रभारी ज्ञानेंद्र साहू के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष देवेंद्र कुमार उर्फ राममिलन चौधरी ने उन पर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी का आरोप लगाया है। देवेंद्र कुमार ने विशेष न्यायालय एससी-एसटी में प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। मामला 6 जुलाई 2026 मंझनपुर थाना क्षेत्र का है। वहीं, बीजेपी मीडिया प्रभारी ने कहा- उन्हें राजनीतिक रंजिश में फंसाने की कोशिश की जा रही है। फोन पर बातचीत के दौरान अपमानित करने का आरोप संदीपन घाट थाना क्षेत्र के जलालपुर बोरियो निवासी भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष देवेंद्र कुमार उर्फ राममिलन चौधरी न्यायालय में दाखिल प्रार्थना पत्र में बताया कि 6 जुलाई 2026 दोपहर करीब 1:52 बजे उनके मोबाइल पर ज्ञानेंद्र साहू का फोन आया था। आरोप है कि बातचीत के दौरान ज्ञानेंद्र ने उनके साथ अभद्र और अश्लील भाषा का प्रयोग किया। साथ ही उन्होंने धमकाते हुए कहा- यदि उन्होंने किसी व्यक्ति की पोस्ट पर लाइक या कमेंट किया तो वह उनके घर में घुसकर जान से मार देगा और छत से फेंक देगा। साथ ही कहीं भी मिलने पर खत्म करने की धमकी दी। पीड़ित के मुताबिक, इन धमकियों से वह और उनका परिवार भयभीत है। उनके जीवन और सुरक्षा को खतरा बना हुआ है। पुलिस में शिकायत के बाद भी नहीं हुई सुनवाई देवेंद्र ने आरोप लगाया कि उनके पास बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी है, जिसमें गाली-गलौज और धमकी की बात दर्ज है। उन्होंने इस मामले में पुलिस से शिकायत की थी। उनका कहना है कि एसपी कौशांबी को खुद उपस्थित होकर और 15 जून को रजिस्ट्री डाक के माध्यम से भी प्रार्थना पत्र भेजा था, लेकिन एफआईआर दर्ज नहीं की गई। पुलिस स्तर पर सुनवाई नहीं होने के बाद उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है। मीडिया प्रभारी ने आरोपों को बताया राजनीतिक साजिश वहीं, भाजपा जिलाध्यक्ष के मीडिया प्रभारी ज्ञानेंद्र साहू ने अपने ऊपर लगे आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि राजनीतिक स्टंट के तहत उन्हें फंसाने की साजिश की जा रही है। उन्होंने आरोपों को बेबुनियाद बताया है।

