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रेलवे ट्रैक पर 2 टुकड़ों में मिला युवक का शव:मथुरा में परिजनों ने जताई हत्या की आशंका, पुलिस दोनों एंगल से जांच में जुटी

मथुरा में आर्य समाज रोड रेलवे फाटक के पास सोमवार तड़के करीब तीन बजे रेलवे ट्रैक पर 22 साल के युवक का शव दो हिस्सों में कटा मिला। सूचना पर पहुंची रेलवे पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए शव का पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया है। पुलिस के अनुसार घटनास्थल से मिले आधार कार्ड के आधार पर मृतक की पहचान झिगुरपुरा निवासी तरुण, पुत्र संजय कुमार के रूप में हुई। पहचान होने के बाद परिजनों को सूचना दी गई, जिसके बाद वे पोस्टमार्टम गृह पहुंचे। परिजनों ने जताई हत्या की आशंका सोमवार शाम करीब चार बजे पोस्टमार्टम गृह पहुंचे परिजनों ने दावा किया कि तरुण की हत्या कर शव को रेलवे ट्रैक पर फेंका गया है, ताकि घटना को हादसा दिखाया जा सके। उनका कहना है कि कुछ समय पहले तरुण का एक युवती से प्रेम प्रसंग था, जिसके बाद उसके खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था। यह मामला फिलहाल न्यायालय में विचाराधीन है। परिजनों का आरोप है कि इसी रंजिश के चलते वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस बोली- हर पहलू की हो रही जांच पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्य और अन्य तकनीकी तथ्यों के आधार पर मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाएगा। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों सहित सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है। फिलहाल हत्या और रेल हादसे, दोनों संभावनाओं को ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विवेचना में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

हार्मोनी अपार्टमेंट की सील तोड़ी–नोटिस फाड़ा, जबरन घुसा बिल्डर:कानपुर में बारिश के दौरान धंसी थी बिल्डिंग, केडीए अफसर बोले– एक्शन होगा

कानपुर काकादेव के नवीन नगर में बारिश के दौरान धंसने वाला हार्मोनी अपार्टमेंट के बिल्डर ने सोमवार को इसकी सील तोड़ दी और चस्पा नोटिस को फाड़ दिया। इसके बाद अपार्टमेंट की मरम्मत का काम शुरू करा दिया है। इतना ही नहीं जिस बिल्डिंग में खतरा मंडरा रहा सभी फ्लैट वालों को नियम और कानून को ताक पर रखकर बिल्डिंग के भीतर अपार्टमेंट में रहने की खुद ही इजाजत दे डाली। वहीं, दूसरी तरफ जब केडीए के अफसरों से इस मामले को लेकर बात की गई तो उन्होंने बताया कि फिलहाल अभी एचबीटीयू से जांच पूरी नहीं हो सकी है। फ्लैट मौजूदा समय में सील है। अगर इससे बिल्डर या वहां के रहने वालों ने कोई छेड़खानी की है या बगैर अनुमति के रहने के लिए घुसे हैं तो उनके खिलाफ जांच के बाद एक्शन लिया जाएगा।
काकादेव नवीन नगर के भवन संख्या- 117/एल-61-ए-(1) पर बिल्डर अशोक मेहरा ने आठ साल पहले हार्मोनी अपार्टमेंट बनाया था, इसमें 16 फ्लैट हैं। कानपुर में 2 जुलाई की देर रात भीषण बारिश होने के चलते 3 जुलाई की सुबह इस अपार्टमेंट का बेसमेंट धंसने से फ्लैट की दीवार भरभराकर गिर गई थी। इसके चलते अपार्टमेंट में रहने वाले लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई थी। जानकारी मिलने के बाद केडीए के अफसर मौके पर जांच करने पहुंचे थे, बिल्डिंग धंसने की आशंका के चलते वहां पर रहने वाले 13 फ्लैट के 50 लोगों से अपार्टमेंट खाली करा लिया गया था। केडीए ने बिल्डिंग को सील कर नोटिस चस्पा कर दिया था। इसके बाद एचबीटीयू की टीम जांच कर रही है, लेकिन अभी तक केडीए और एचबीटीयू की जांच रिपोर्ट नहीं आई है, लेकिन बिल्डर अशोक मेहरा ने स्ट्रक्चरल इंजीनियर, डिजाइनर और प्रोजेक्ट कंसल्टेंट्स से जांच कराकर सील तोड़कर और नोटिस हटाकर अपार्टमेंट में मेंटीनेंस का काम शुरू करा दिया। बिल्डर अशोक मेहरा ने दावा किया कि स्ट्रक्चरल इंजीनियर, डिजाइनर और प्रोजेक्ट कंसल्टेंट्स की जांच रिपोर्ट में अपार्टमेंट को पूरी तरह सुरक्षित बताया गया है। उनका कहना है कि नुकसान केवल बाहरी हिस्से में हुआ है, जिसकी वजह नगर निगम के नाले का खराब निर्माण, भारी बारिश और अपार्टमेंट के नीच से गुजर रही कानपुर मेट्रो के टनलिंग काम हैं।
केडीए-HBTU की नहीं आई जांच रिपोर्ट, बिल्डर ने शुरू कर दिया काम इस मामले की सच्चाई जानने के लिए हमने केडीए के अफसरों से बात की तो वह भी दंग रह गए। केडीए के विशेष कार्याधिकारी बृजेंद्र उपाध्याय ने कहा कि एचबीटीयू की स्ट्रक्चर की जांच रिपोर्ट दो-तीन दिन में आएगी। उन्होंने बताया कि बेसमेंट में पानी भरा होने के चलते बिल्डर को सिर्फ पानी निकालने की अनुमति दी गई थी। क्योंकि जलभराव रहने पर बिल्डिंग को खतरा हो सकता था। अगर केडीए की नोटिस बिना अनुमति हटाई गई है तो इसकी जांच कर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की अभिरक्षा में बिल्डिंग को सील किया गया था। जब तक जांच रिपोर्ट नहीं आ जाती है, तब तक वहां पर किसी को रहने की अनुमति नहीं है। प्राइवेट कंपनी से जांच कराकर शुरू करा दिया काम बिल्डर अशोक मेहरा के मुताबिक, सुयश कंसल्टेंट्स के डॉ. रजत के. खरे की रिपोर्ट में अपार्टमेंट के कॉलम, बीम, स्लैब और भार वहन करने वाले हिस्सों में कोई संरचनात्मक क्षति नहीं मिली। दीवार ढहने और जमीन धंसने के पीछे तीन प्रमुख कारण बताए गए हैं बाहरी दीवार की गहरी और मजबूत नींव नहीं थी। कानपुर मेट्रो की टनलिंग और भारी बारिश के कारण मिट्टी के नीचे खोखले स्थान बन गए, जिससे सेटबैक क्षेत्र धंस गया। रिपोर्ट में धंसी हुई मिट्टी की ग्राउटिंग, मजबूत आरसीसी नींव पर नई दीवार का निर्माण, बेहतर ड्रेनेज सिस्टम और नगर निगम व मेट्रो के साथ समन्वय कर नाले के पुनर्निर्माण की सिफारिश की गई है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि मरम्मत में देरी होने पर भविष्य में मुख्य भवन की नींव के आसपास जलभराव से नया खतरा पैदा हो सकता है।

प्रयागराज में स्कूल चलो अभियान का दूसरा चरण शुरू:15 जुलाई तक 10% अधिक नामांकन का लक्ष्य,बीएसए ने दिए निर्देश

प्रयागराज विकासखंड भगवतपुर में पीएम श्री कंपोजिट विद्यालय में सोमवार को स्कूल चलो अभियान का द्वितीय चरण और वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारम्भ मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन से हुआ। विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह ने कार्यक्रम में नव प्रवेशी बच्चों को पुस्तकें वितरित कर उनका स्वागत किया गया और विद्यालय परिसर में वृक्षारोपण कर रैली को हरी झंडी दिखाई। साथ ही बीएसए अनिल कुमार ने नए बच्चों के नामांकन कराने के निर्देश दिए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनिल कुमार ने बताया कि स्कूल चलो अभियान का द्वितीय चरण 1 से 15 जुलाई तक चलेगा और इसका लक्ष्य है कि एक भी बच्चा नामांकन से वंचित न रहे तथा परिषदीय विद्यालयों में पिछले सत्र की तुलना में 10% अधिक नामांकन सुनिश्चित किए जाएं। उन्होंने ‘एक पेड़ मां के नाम’ कार्यक्रम के तहत सभी शिक्षकों और कर्मचारियों से अपने-अपने विद्यालयों व क्षेत्रों में अधिक से अधिक पेड़ लगाने का आह्वान किया। मुख्य अतिथि विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह ने कहा कि वे क्षेत्र के समग्र विकास को प्राथमिकता देते हैं। सड़कों, पेयजल, बिजली के ढांचे के साथ क्षेत्र में राजकीय आईटीआई की स्थापना, नुमायंदाही तालाब का पर्यटन विकास तथा स्थानीय उद्योग स्थापित कर युवाओं के लिए रोजगार के अवसर लाने के प्रयास चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था सुदृढ़ होने से विकास कार्य नीचे तक पहुंच पा रहे हैं। खंड शिक्षा अधिकारी भगवतपुर राकेश कुमार यादव ने कहा कि भगवतपुर ब्लॉक के शिक्षक नामांकन लक्ष्य और वृक्षारोपण के लक्ष्यों को पूरा करेंगे। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व कैबिनेट मंत्री व शहर पश्चिमी विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह जबकि विशिष्ट अतिथि जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी प्रयागराज अनिल कुमार मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन आकांक्षा शंखधर ने किया। विभिन्न विभागीय पदाधिकारियों, ग्राम प्रधानों तथा कई शिक्षकों-शिक्षिकाओं ने हिस्सा लिया।

सुप्रीम कोर्ट में व्यापारियों की पैरवी करेंगे सलमान खुर्शीद:सुनवाई से पहले दिन भी मेरठ के व्यापारियों ने मुलाकात कर पैरवी के संबंध में की चर्चा

मेरठ के शास्त्री नगर प्रकरण में मंगलवार, 14 जुलाई को होने वाली सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई से पहले कानूनी तैयारियां तेज हो गई हैं। मामले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, पूर्व विदेश मंत्री और वरिष्ठ अधिवक्ता सलमान खुर्शीद व्यापारियों की ओर से सर्वोच्च न्यायालय में पक्ष रखेंगे। सोमवार को नई दिल्ली में राष्ट्रीय अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुदीप जैन ने सलमान खुर्शीद से मुलाकात कर प्रकरण पर विस्तृत चर्चा की। बैठक में अधिवक्ता राहुल मलिक और अधिवक्ता भविष्य मखीजा ने मामले के कानूनी पहलुओं और अब तक की न्यायिक प्रक्रिया की जानकारी दी। इस दौरान अमित गुप्ता और संयम जैन भी मौजूद रहे। बैठक में शास्त्री नगर के व्यापारियों और क्षेत्रवासियों से जुड़े तथ्यों, न्यायिक पक्ष और 14 जुलाई की सुनवाई की रणनीति पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। सुदीप जैन ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट में होने वाली सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता सलमान खुर्शीद व्यापारियों का पक्ष प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करेंगे। उन्होंने कहा कि व्यापारियों और क्षेत्रवासियों को न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और उम्मीद है कि अदालत के समक्ष सभी तथ्य और कानूनी पहलुओं को मजबूती से रखा जाएगा। उनका कहना था कि शास्त्री नगर के व्यापारी और स्थानीय नागरिक अपने अधिकारों की रक्षा के लिए पूरी तरह संवैधानिक और कानूनी प्रक्रिया का पालन कर रहे हैं। सुदीप जैन ने क्षेत्र के लोगों से न्यायिक प्रक्रिया पर विश्वास बनाए रखने तथा सुनवाई तक शांति और सौहार्द बनाए रखने की अपील भी की।

आकाश सोनकर सुसाइड केस- 1 महीने बाद FIR दर्ज:अयोध्या पुलिस ने युवती और उसकी मां पर SC/ST की धाराएं लगाईं

आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के वेटनरी छात्र आकाश सोनकर की आत्महत्या के मामले में करीब एक महीने बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। मृतक के चाचा आनंद प्रकाश सोनकर की तहरीर पर कुमारगंज पुलिस ने एक युवती और उसकी मां के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने, धमकी देने और अनुसूचित जाति उत्पीड़न सहित अन्य संबंधित धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है। आकाश सोनकर ने 5 जून 2026 को विश्वविद्यालय के कालिंदी छात्रावास के कमरा नंबर-59 में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। सूचना मिलते ही विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू की थी। परिजनों की तहरीर पर दर्ज हुआ मुकदमा घटना के बाद परिजनों ने कुछ लोगों पर छात्र को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर दी थी। प्रारंभिक जांच और साक्ष्य जुटाने के बाद पुलिस ने अब मुकदमा दर्ज कर लिया है। क्षेत्राधिकारी पीयूष पाल ने सोमवार को बताया कि जांच के दौरान मृतक छात्र के मोबाइल की कॉल डिटेल और चैट का विश्लेषण किया गया। जांच में सामने आया कि आकाश सोनकर की आकांक्षा नाम की युवती से बातचीत होती थी। वहीं मृतक के चाचा आनंद प्रकाश सोनकर का आरोप है कि संबंधित युवती एक बार उनके घर भी आई थी। सीओ बोले- साक्ष्यों के आधार पर होगी कार्रवाई सीओ पीयूष पाल ने बताया कि तहरीर के आधार पर जांच के बाद संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की विवेचना वह स्वयं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मुकदमा दर्ज होने के बाद विश्वविद्यालय परिसर और छात्र संगठनों में भी मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है। पुलिस का कहना है कि छात्र की आत्महत्या के वास्तविक कारणों की जांच अभी जारी है।

प्लास्टिक और फेंके गए तार में फंसा आठ फुट लंबा अजगर

 

अपनी जान बचाने के लिए करता रहा संघर्ष: वाइल्डलाइफ़ एसओएस ने बचाया

बाबा न्यूज 

आगरा। वाइल्डलाइफ़ एसओएस रैपिड रिस्पॉन्स यूनिट ने आगरा के सिकंदरा छेत्र से रेप्टाइल्स बचाने के दो अनोखे ऑपरेशन किए। उन्होंने एक आठ फ़ीट लंबे अजगर को बचाया, जो टेलीफ़ोन के तार और प्लास्टिक कचरे में फंसकर घायल हो गया था, इसके साथ ही वॉशिंग मशीन में फंसे एक इंडियन वुल्फ़ स्नेक को भी सुरक्षित बचाया गया। ये घटनाएं दिखाती हैं कि कैसे फेंका गया कचरा और तेज़ी से बढ़ता शहरीकरण वन्यजीवों के लिए खतरा पैदा कर रहा है।

आगरा में लापरवाही से फेंके गए टेलीफ़ोन के तार और प्लास्टिक की बोतल में एक अजगर बुरी तरह से फँस गया था। घायल साँप मुश्किल से हिल-डुल पा रहा था; हर कोशिश के साथ तार उसके शरीर को और गहरी तरह से जकड़ रहा था। वाइल्डलाइफ़ एसओएस की टीम ने तुरंत अजगर को बाहर निकाला और उसे आगरा भालू संरक्षण केंद्र पहुँचाया। वहाँ पशु-चिकित्सकों ने सर्जरी करके फँसे हुए तार को निकाला और उसे प्लास्टिक की बोतल से आज़ाद किया; साथ ही, रेडियोग्राफ़िक जाँच से पुष्टि हुई कि उसकी हड्डियों में कोई चोट नहीं आई थी। साँप अभी भी पशुचिकित्सा टीम की देखरेख में है और पूरी तरह से ठीक होने के बाद उसे जंगल में छोड़ दिया जाएगा।

एक अलग घटना में, आगरा के ही सिकंदरा छेत्र की एक हाउसिंग कॉलोनी के निवासियों ने अपनी वॉशिंग मशीन के अंदर इंडियन वुल्फ स्नेक को देखा, जिसके तुरंत बाद उन्होंने वाइल्डलाइफ एसओएस हेल्पलाइन नंबर (+91 9917109666) पर संपर्क किया। रेस्क्यू टीम ने सावधानी से वॉशिंग मशीन को खोला और सांप को सुरक्षित बाहर निकाला। सांप को कोई चोट नहीं आई थी, जिसके बाद उसे जंगल में छोड़ दिया गया।

आई.यू.सी.एन की रेड लिस्ट में ‘नियर थ्रेटन्ड’ (संकट के करीब) के तौर पर शामिल, इंडियन रॉक पायथन या अजगर (पायथन मोलुरस) को वाइल्डलाइफ़ संरक्षण अधिनियम, 1972 की अनुसूची I के तहत सबसे ऊँचे स्तर की कानूनी सुरक्षा मिलती है।

आगरा के डीएफओ और नेशनल चंबल सैंक्चुअरी प्रोजेक्ट के डिप्टी कंज़र्वेटर ऑफ़ फ़ॉरेस्ट, IFS राजेश कुमार ने कहा, “जब कचरा जमा होता है, तो इसका खामियाजा जंगली जानवरों को भुगतना पड़ता है। महत्वपूर्ण प्राकृतिक आवासों के आस-पास के इलाकों में कचरे को गैर-जिम्मेदाराना तरीके से फेंकने की वजह से ही यह अजगर जानलेवा स्थिति में फँस गया था। वन विभाग की मदद करते हुए वाइल्डलाइफ़ एसओएस की त्वरित कार्रवाई ने अजगर की जान बचा ली, लेकिन कचरे को सही तरीके से एवं सही जगह पर फेंकना ही एकमात्र समाधान है।

वाइल्डलाइफ़ एसओएस के सह-संस्थापक और सीईओ, कार्तिक सत्यनारायण ने कहा, “इंसानों की लापरवाही की कीमत जंगली जानवरों को चुकानी पड़ रही है। जब प्राकृतिक आवासों के पास कचरा फेंका जाता है, तो फेंकी गई प्लास्टिक की बोतल या तार का एक टुकड़ा भी जानलेवा जाल बन सकता है। वाइल्डलाइफ़ की सुरक्षा की शुरुआत कचरे को ज़िम्मेदारी से निपटाने और हमारे साझा इलाकों को खतरनाक कचरे से मुक्त रखने जैसे आसान कामों से होती है।”

वाइल्डलाइफ़ एसओएस की सह-संस्थापक और सचिव, गीता शेषमणि ने कहा, “हर रेस्क्यू हमें याद दिलाता है, कि जंगली जानवर ऐसे इलाकों में ढल रहे हैं, जहाँ तेज़ी से इंसानों का कब्ज़ा बढ़ रहा है। जंगलों के पास फेंका गया कचरा न सिर्फ़ पर्यावरण को नुकसान पहुँचाता है, बल्कि जंगली जानवरों की जान भी ले सकता है।”

वाइल्डलाइफ़ एसओएस के कंजर्वेशन प्रोजेक्ट्स के डायरेक्टर, बैजू राज एम.वी. ने कहा, “चूहों की आबादी को प्राकृतिक रूप से नियंत्रित करके स्वस्थ इकोसिस्टम बनाए रखने में सांप बहुत ज़रूरी भूमिका निभाते हैं। जब वे घायल हो जाते हैं या इंसानी इलाकों में फंस जाते हैं, तो सबसे सुरक्षित तरीका यही है कि उन्हें छेड़ा न जाए और रेस्क्यू टीम को बुलाया जाए, ताकि लोगों या जानवर दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।”

वाइल्डलाइफ़ एसओएस की पशु चिकित्सा सेवाओं के डिप्टी डायरेक्टर, डॉ. एस. इलयाराजा ने कहा, “जब अजगर को लाया गया, तो तार उसकी खाल में धंस गया था और उसे सांस लेने में बहुत तकलीफ़ हो रही थी। सबसे पहले तार को हटाना और ज़ख्मों को साफ़ करना ज़रूरी था। रेडियोग्राफ़िक जांच से राहत मिली कि हड्डियों को कोई नुकसान नहीं पहुंचा, लेकिन ज़ख्म गहरे हैं और इसे जंगल में छोड़ने से पहले रोज़ाना लगातार देखभाल की ज़रूरत होगी।”

पौधारोपण कर सुंदरानी चैरिटेबल आई हॉस्पिटल समिति ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

बाबा न्यूज
आगरा। सुंदरानी चैरिटेबल आई हॉस्पिटल समिति द्वारा बालूगंज स्थित अस्पताल परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय एवं फुटवेयर एवं चमड़ा उद्योग विकास परिषद के चेयरमैन पूरन डाबर ने पौधारोपण कर किया। इस दौरान उपस्थित अतिथियों एवं समिति के सदस्यों ने पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
इस अवसर पर विभिन्न प्रकार के पौधे लगाए गए और उनके संरक्षण का संकल्प लिया गया। वक्ताओं ने कहा कि वृक्ष जीवन का आधार हैं और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में इनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। बढ़ते प्रदूषण और बदलते पर्यावरणीय हालातों को देखते हुए प्रत्येक व्यक्ति को पौधारोपण कर उनकी देखभाल करनी चाहिए। समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि सुंदरानी चैरिटेबल आई हॉस्पिटल समिति स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यों में भी सक्रिय रूप से भागीदारी निभा रही है। वृक्षारोपण कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना और शहर को हराभरा बनाने में योगदान देना है। समिति के अध्यक्ष विजय खंडेलवाल ने उच्चशिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय व उपाध्यक्ष गिरधारी लाल भगत्यानी ने संरक्षक पूरन डाबर का पटका पहनाकर स्वागत किया। समिति के सदस्यों ने लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के माध्यम से समाज को संदेश दिया गया कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक अभियान नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर समिति के सचिव सी.के. रस्तोगी, सह सचिव रवि दुबे सहित शारिक इकबाल, मनीष हरजानी, जगदीश मीरचंदानी, सूर्यप्रकाश मदनानी, कपिल पंजवानी, तरुण हरजानी, संक्रेश शर्मा, जितेंद्र तुलसानी, आशु मूलचंदानी, नितिन राजवानी एवं अन्य सदस्य उपस्थित रहे।

 

उद्यमियों को शीघ्र मिलेगा नवीन औद्योगिक क्षेत्र: राकेश गर्ग

कासगंज में प्रोसेसिंग यूनिट्स के लिए असीम संभावनाएं
बाबा न्यूज
कासगंज। एमएसएमई उद्यमियों को हर संभव मदद देने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। उत्तर प्रदेश लघु उद्योग निगम लिमिटेड के अध्यक्ष, दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री राकेश गर्ग आज कासगंज जिले के प्रशासनिक कार्यक्रम वृक्षारोपण में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इसके पश्चात वे कासगंज जिले के लघु उद्यमियों के साथ एक विशेष बैठक में उपस्थित रहे। इस बैठक का संचालन लघु उद्योग भारती, जिला कासगंज द्वारा किया गया। बैठक विभाग संचालक उमाशंकर शर्मा के निवास पर आयोजित हुई।
उत्तर प्रदेश लघु उद्योग निगम लिमिटेड के अध्यक्ष राकेश गर्ग के समक्ष उद्यमियों ने कासगंज जिले की औद्योगिक समस्याओं को रखते हुए कहा कि कासगंज जिला विभिन्न उद्योगों और अपनी सांस्कृतिक विरासत के लिए जाना जाता है। इस जिले में एक मुख्ता इंडस्ट्रियल एस्टेट और सरकार की विशेष प्रोत्साहन योजनाओं के माध्यम से एमएसएमई उद्यमियों को प्रोत्साहित किया जाए ताकि उद्योग राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान स्थापित कर सकें। एक जिला एक उत्पाद में से यहां की प्रमुख रूप से यहां की फूड प्रोसेसिंग सेक्टर को लाने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे प्रदेश सचिव मनीष अग्रवाल ने कहा कि कासगंज जैसा जिला जिसमें की मटर, प्याज और आम बहुत बड़ी संख्या में होते हैं, यहां पर प्रोसेसिंग यूनिट्स के लिए उद्यमियों को आगे आना होगा। सरकार प्रोसेसिंग यूनिट को 35% तक योगदान दे रही है। पर्यावरण की दृष्टि, नेटवर्किंग की दृष्टि, मजदूरों की अच्छी उपलब्धता के कारण यह जिला एमएसएमई सेक्टर में बहुत आगे बढ़ सकता है। डेयरी उत्पाद, शीत ग्रह, आयुर्वेद फामेर्सी आदि सेक्टर में कासगंज अपनी विशेष पहचान रखता है।

टीटीजेड अथॉरिटी के सदस्य विजय गुप्ता ने कहा कि हमें उद्योग और पर्यावरण दोनों की रक्षा करनी है और पर्यावरण की दृष्टि से कासगंज बहुत ही आदर्श जिला है। यहां पर ऐसी यूनिट्स/इंडस्ट्रीज लगाई जा सकती हैं जो कि कम प्रदूषण के साथ औद्योगिक विकास को गति दे सकती हैं, क्योंकि यहां पर पानी की उपलब्धता और जमीन की उपजाऊपन दोनों ही प्रमुख हैं।

ब्रज संभाग के महासचिव अमलेंदु शर्मा ने कहा कि कासगंज हाल में ही बना एक प्रमुख जिला है लेकिन इसका औद्योगिक विकास और मजबूती से होने की आवश्यकता है। उद्यमी और सरकार दोनों को समन्वय कर कर कासगंज पर विशेष जोर देना होगा। यहां की रोड कनेक्टिविटी बहुत स्ट्रॉन्ग है। निर्यात के क्षेत्र में कासगंज से कुछ उत्पाद अंतरराष्ट्रीय बाजार की ओर जा रहे हैं। कपूर के क्षेत्र में भी हम काम कर रहे हैं। आयुर्वेद दवाइयों के क्षेत्र में भी प्रमुखता से काम करें।

उद्यमियों को संबोधित करते हुए राकेश गर्ग ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा एमएसएमई उद्यमियों को पूरी तरीके से सहयोग देना है। “एक जिला एक उत्पाद” की महत्वपूर्ण योजना के बाद प्रदेश सरकार द्वारा एक जिला एक व्यंजन जैसी प्रमुख योजना को लागू किया गया है जो कि उद्यमियों का विकास का मार्ग प्रशस्त करेगी। अपने विभाग के सहयोग से उन्होंने कहा कि हम शीघ्र ही कासगंज में इंडस्ट्रीज लैंड बैंक का विस्तार करेंगे। उद्यमी आएं, आगे हम प्लग एंड प्ले पार्क की स्कीम के तहत सभी सुविधाएं इंडस्ट्रियल एस्टेट के रूप में दे रहे हैं।

कार्यक्रम में प्रमुख रूप से मौजूद रहे:
बैठक में मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश लघु उद्योग निगम लिमिटेड अध्यक्ष राकेश गर्ग प्रदेश सचिव मनीष अग्रवाल विभाग संचालक उमाशंकर शर्मा , बृज संभाग महासचिव अमलेंदु शर्मा, गौरी शंकर शर्मा जी संरक्षक, मंडल सचिव सुबोध मित्तल, दीपक गोयल, वैभव बिरला, मनीष अग्रवाल, गोपाल महेश्वरी, एटा से जिला अध्यक्ष धर्मवीर गहलोत, रजत गुप्ता, सुधीर शर्मा, अनिल गुप्ता , अरुण माहेश्वरी,चंद्रकांत महेश्वरी।

श्री मन:कामेश्वर मंदिर के हाथी घाट स्थित सीमा द्वार का लोकार्पण

आकर्षक बनी एलईडी लाइटिंग, दूर से ही दिख रहा नाम
बाबा न्यूज
आगरा। प्राचीन श्री मन:कामेश्वर मंदिर, हाथी घाट, यमुना किनारा पर नवनिर्मित सीमा द्वार (जीर्णोद्धार उपरांत) का लोकार्पण श्रद्धा एवं धार्मिक विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ। मंदिर के श्री महंत योगेश पुरी ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधिवत पूजन-अर्चन कर सीमा द्वार का लोकार्पण किया तथा भगवान शिव से मंदिर में आने वाले सभी श्रद्धालुओं के सुख, समृद्धि एवं कल्याण की कामना की।
इस अवसर पर मंदिर मठ प्रशासक हरिहर पुरी ने बताया कि मंदिर के मुख्य प्रवेश सीमा द्वार का जीर्णोद्धार कर उसे भव्य एवं आकर्षक स्वरूप प्रदान किया गया है। द्वार पर मंदिर के नाम को प्रमुखता से प्रदर्शित करते हुए अत्याधुनिक एलईडी लाइटिंग की व्यवस्था गौरव शर्मा एवं निशांत सिकरवार के सहयोग से कराई गई है, जिससे रात्रि के समय मंदिर का प्रवेश द्वार अत्यंत मनोहारी दिखाई देता है।
उन्होंने बताया कि इस सीमा द्वार का सबसे बड़ा आकर्षण इसके शीर्ष पर स्थापित भगवान शिव के प्रतीक डमरू और त्रिशूल हैं, जो शिवभक्ति, सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक आस्था का संदेश देते हैं। आकर्षक निर्माण एवं प्रकाश व्यवस्था के कारण यह द्वार श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए भी विशेष आकर्षण का केंद्र बन गया है।
लोकार्पण के दौरान उपस्थित श्रद्धालुओं ने नव-निर्मित सीमा द्वार के दर्शन कर प्रसन्नता व्यक्त की और इसे श्री मन:कामेश्वर मंदिर की भव्यता एवं धार्मिक गरिमा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।

कुष्ठ आश्रम में सेवा कार्य कर समर्पण ने बांटी खुशियां

बाबा न्यूज
आगरा। भारत विकास परिषद समर्पण शाखा की ओर से ताजगंज स्थित कुष्ठ आश्रम में सेवा कार्य का आयोजन किया गया। अध्यक्ष नितिन गोयल ने बताया कि हमारा उद्देश्य केवल सेवा कार्य करना ही नहीं, बल्कि समाज के उपेक्षित एवं जरूरतमंद लोगों के जीवन में अपनत्व और सम्मान का भाव जगाना भी है। कुष्ठ रोगियों के प्रति समाज में सकारात्मक सोच विकसित करना समय की आवश्यकता है तथा ऐसे सेवा कार्य सामाजिक समरसता को मजबूत करते हैं। आश्रम में रह रहे 120 कुष्ठ रोगियों के साथ समय बिताकर उन्हें सम्मानपूर्वक भोजन कराया और आवश्यक सामग्री वितरित की गई। कार्यक्रम प्रभारी आशीष कंसल, विशाल मित्तल, रोहित बंसल, नविता मित्तल, श्वेता कंसल और अल्पिका बंसल ने कार्यक्रम की व्यवस्थाओं का संचालन किया। इस अवसर पर सचिव समीर जैन, कोषाध्यक्ष उमंग गोयल, संजीव दौनेरिया, अनिल कुमार गुप्ता, निशी दौनेरिया, सचिन गोयल, अनित गोयल, अनुभव अग्रवाल, रिंकेश मित्तल आदि उपस्थित रहे।