बस्ती में 25 करोड़ की खाद्य प्रयोगशाला का निरीक्षण:सचिव ने 10 दिन में कमियां दूर करने के निर्देश दिए
उत्तर प्रदेश शासन के खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की सचिव डॉ. रोशन जैकब ने शनिवार को बस्ती के अमौली, हथियागढ़ स्थित निर्माणाधीन खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन प्रयोगशाला भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्यों और प्रयोगशाला की तैयारियों की समीक्षा की और अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा में सभी कमियां दूर करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान, लैब गार्ड प्रतिनिधि ने बताया कि प्रयोगशाला के लिए कुछ आवश्यक फर्नीचर और उपकरण पहुंच चुके हैं, जबकि आयातित उपकरण अभी रास्ते में हैं। सचिव ने उपलब्ध और लंबित उपकरणों की विस्तृत सूची तत्काल उपलब्ध कराने तथा शेष सभी सामग्री दस दिनों के भीतर प्रयोगशाला में पहुंचाने का निर्देश दिया। प्रयोगशाला में स्थापित लिफ्ट बंद पाई गई, जिस पर अधिशासी अभियंता ने एक सप्ताह के भीतर इसे चालू कराने का आश्वासन दिया। सचिव ने भवन के मुख्य द्वार के सामने बंद पड़े नाले को भी शीघ्र चालू कराने के निर्देश दिए, ताकि बरसात में जलभराव न हो। भवन की सुरक्षा के लिए भूतल की खिड़कियों और मुख्य प्रवेश द्वार पर स्टील या एल्यूमीनियम ग्रिल दस दिनों के भीतर लगाने का भी निर्देश दिया गया।
डॉ. जैकब ने गोरखपुर मंडल की प्रयोगशाला से संबंधित लंबित नमूनों की भी समीक्षा की। वैज्ञानिक अधिकारी-2 की 13 मई 2026 की रिपोर्ट के अनुसार, प्रमाणीकरण हेतु 237 नमूने लंबित थे। उन्होंने जांच किए गए और भेजे गए नमूनों की अद्यतन रिपोर्ट रविवार शाम तक मुख्यालय भेजने का निर्देश दिया। लगभग 25 करोड़ रुपये की लागत से बन रही यह अत्याधुनिक खाद्य प्रयोगशाला शुरू होने के बाद खाद्य नमूनों की जांच क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि करेगी। इससे व्यापारियों और किसानों को अपने उत्पादों की गुणवत्ता की जांच स्थानीय स्तर पर कराने की सुविधा मिलेगी। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी कृत्तिका ज्योत्स्ना, मुख्य विकास अधिकारी सार्थक अग्रवाल, सहायक आयुक्त (खाद्य) राजेंद्र सिंह सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

