जीवन का लक्ष्य जॉब प्रोवाइडर बनना रखें:सीएसजेएमयू में हुआ युवा संवाद का आयोजन, 25 उद्यमी सम्मानित
सीएसजेएमयू के दीनदयाल सभागार में स्वदेशी जागरण मंच एवं सीएसजेएमआईएफ के तत्वावधान में उद्यमिता प्रोत्साहन सम्मेलन युवा संवाद का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में आरएसएस के राष्ट्रीय प्रचारक एवं अखिल भारतीय संगठक, स्वदेशी जागरण मंच के कश्मीरी लाल ने कहा कि अर्न वाइल यू लर्न की भावना के साथ आगे बढ़ें और जीवन का लक्ष्य बी ए जॉब प्रोवाइडर बनाना रखें। रोजगार देने की क्षमता विकसित करना ही आत्मनिर्भर उन्होंने कहा कि रोजगार मांगने के साथ-साथ रोजगार देने की क्षमता विकसित करना ही आत्मनिर्भर भारत की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। साथ ही उन्होंने युवाओं को सफल उद्यमियों को अपना आदर्श बनाने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि युवाओं को केवल विज्ञापन जगत की लोकप्रिय हस्तियों को रोल मॉडल बनाने के बजाय ऐसे उद्यमियों से प्रेरणा लेनी चाहिए, जिन्होंने अपने उद्योग खड़े किए और रोजगार के अवसर पैदा किए। साधारण नहीं उदाहरण बनना
विशिष्ट अतिथि भवानी भीख तिवारी जी ने संघ के शताब्दी वर्ष के संदर्भ में ‘पांच परिवर्तन’ और ‘स्व’ के बोध के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में स्व आधारित जीवनशैली को अपनाने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने स्वभूषा, स्वभाषा, स्वभोजन, स्वभ्रमण और स्वभवन जैसे सूत्रों को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। उन्होंने युवाओं को संदेश देते हुए कहा कि “साधारण नहीं, उदाहरण बनना है।” स्वदेशी जागरण मंच के क्षेत्रीय प्रचार प्रमुख श्री प्रवीण मिश्र जी ने कहा कि युवाओं के बीच उद्यमिता और स्वावलंबन की भावना को बढ़ावा देने के लिए ऐसे सम्मेलन अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति को राष्ट्र निर्माण से जोड़ना समय की महत्वपूर्ण आवश्यकता है।
नौकरी देने वाला कौन होगा अध्यक्षीय उद्बोधन में प्रो. विशाल अवस्थी ने युवाओं से सवाल किया कि यदि सभी लोग नौकरी मांगने वाले बन जाएंगे तो नौकरी देने वाला कौन होगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रहित और मजबूत अर्थतंत्र के लिए स्वावलंबन, आत्मनिर्भरता और उद्यमिता को बढ़ावा देना आवश्यक है।
25 उद्यमियों को किया गया सम्मानित कार्यक्रम में सफल स्टार्टअप एवं उद्यम स्थापित करने वाले 25 उद्यमियों को सम्मानित किया गया तथा उन्हें प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। मंच संचालन प्रभाकर सिंह ने किया। उन्होंने सम्मानित उद्यमियों को समाज के लिए प्रेरणादायी बताते हुए “गांव-शहर की एक पुकार—उद्यमिता और स्वरोजगार” का संदेश दिया।इस मौके पर डॉ दिव्यांश शुक्ला, प्रान्त सह समन्वयक उपेंद्र त्रिपाठी, प्रांत सांस्कृतिक विभाग प्रमुख रश्मि सविता, विभाग संयोजक अमरदीप मिश्रा आदि रहे।

