गोंडा कमिश्नर ने की बाढ़ तैयारियों की मंडलीय समीक्षा बैठक:लापरवाही पर कार्रवाई की चेतावनी, समय से काम पूरा करने के निर्देश
मानसून नजदीक आने के साथ ही संभावित बाढ़ की तैयारियों की समीक्षा शुरू हो गई है। आज सोमवार शाम 6 बजे गोंडा कमिश्नर कार्यालय के महाराजा सुहेलदेव सभागार में कमिश्नर दुर्गा शक्ति नागपाल की अध्यक्षता में बाढ़ तैयारियों की मंडलीय समीक्षा बैठक हुई। बैठक के दौरान कमिश्नर नागपाल ने सभी कार्यों को समय से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि समय पर कार्य पूरे नहीं हुए, लापरवाही बरती गई या गुणवत्ता से समझौता किया गया, तो संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बाढ़ जैसे मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कमिश्नर ने बलरामपुर और गोंडा के अधिकारियों को विशेष तैयारी करने को कहा, क्योंकि इन जिलों में भीषण बाढ़ से बड़ी आबादी प्रभावित होती है। उन्होंने बाढ़ से बचाव के लिए राहत एवं बचाव कार्यों की सभी व्यवस्थाएं पूर्ण करने, बाढ़ शरणालयों को व्यवस्थित रखने और वहां अधिकारियों-कर्मचारियों की ड्यूटी लगाने के निर्देश दिए। जिन जनपदों में राहत सामग्री का टेंडर नहीं हुआ है, वहां कमिश्नर ने नाराजगी व्यक्त करते हुए जून माह में ही इसे पूरा करने के निर्देश दिए है। सभी जिलों में मेडिकल और सर्विलांस टीमों को सक्रिय करने के साथ ही अधिकारियों, नाविकों और आपदा मित्रों को बाढ़ से पहले प्रशिक्षित करने के निर्देश भी दिए गए।बाढ़ के समय ग्राम स्तर पर राहत चौपाल का आयोजन भी किया जाएगा। बैठक में चारों जिलों के जिलाधिकारी और संबंधित अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े थे, जबकि गोंडा के एडीएम और बाढ़ खंड विभाग के अधिकारी महाराजा सुहेलदेव सभागार में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित थे।

