5 दिन से लापता किशोर का खेत में मिला शव:परिजनों ने जताई हत्या की आशंका, आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग
कासगंज के सोरों थाना क्षेत्र के चंडौस गांव में पांच दिन से लापता 17 वर्षीय किशोर का शव संदिग्ध परिस्थितियों में बाजरे के खेत से मिलने से सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही सोरों थाना पुलिस, फोरेंसिक टीम और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। मृतक की पहचान चंडौस गांव निवासी निरंजन सिंह के 17 वर्षीय पुत्र पवन के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, पवन 23 जुलाई की शाम करीब छह बजे चारा लेने खेत जाने की बात कहकर घर से निकला था। देर रात तक घर वापस न लौटने पर परिवार ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद 24 जुलाई को सोरों थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी। गुरुवार को ग्रामीणों ने गांव के बाहर रक्षपाल बघेल के बाजरे के खेत में एक युवक का शव पड़ा होने की सूचना पुलिस को दी। मौके पर पहुंचे परिजनों ने कपड़ों के आधार पर शव की पहचान पवन के रूप में की। बेटे का शव देखते ही परिवार में कोहराम मच गया और गांव में शोक की लहर दौड़ गई। मृतक के पिता निरंजन सिंह ने आरोप लगाया कि 22 जून को गांव में आयोजित एक शादी समारोह के दौरान पवन का गांव के ही योगेश पुत्र दिनेश और उसके कुछ साथियों से विवाद हुआ था। उनका आरोप है कि उसी रंजिश के चलते उनके बेटे की हत्या की गई है। उन्होंने पुलिस को तहरीर देकर नामजद आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। घटना के बाद परिजनों ने पोस्टमार्टम हाउस और पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया। उन्होंने सीओ सिटी अंचल चौहान को ज्ञापन सौंपते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच की मांग की। पवन मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करने में सहयोग करता था। परिवार में उसके पिता, मां, तीन बहनें और एक छोटा भाई हैं। उसकी मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से गहनता से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस सभी संभावित बिंदुओं पर जांच कर रही है।

