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करवा चौथ पर शाम तक सजी रहीं दुकानें:सफेद गजरे की सबसे ज्यादा डिमांड; दुकानदार बोलें- बारिश से बिक्री प्रभावित

वाराणसी में करवा चौथ पर गुरुवार को शाम तक करवा, छलनी, पूजा की थाली और फूलों की दुकानें सजी रहीं। सफेद गजरे और सजी हुई थालियों की डिमांड ज्यादा देखने को मिल रही है। दुकानों पर मीडिल क्लास के बजट में 75 रूपये से लेकर 200 तक की थालियां बिक रही है। वहीं फूलों का दाम भी बड़ा हुआ है। 10 रूपये का गेंदे का गजला 25 रूपय तक बिक रहा है। हालांकि फूल हो या करवा दुकानों पर बारिश की असर भी पड़ा है। दुकानदारों का कहना है कि बारिश के कारण बोहनी करना भी मुश्किल हो रहा है। एक दो लोग आ रहे है। 75 से 200 रुपए तक की मिल रही पूजा की थाली
करवा चौथ पर पूजा के लिए बाजार में अलग-अलग तरह की थालियां उपलब्ध रहीं। सादी थाली 75 रुपए से शुरू होकर सजी हुई थाली 200 रुपए तक में बिकी। वहीं, रंगीन करवा 50 रुपए और सादा करवा करीब 40 रुपए में मिला। दुकानदारों के मुताबिक, त्योहार के बावजूद बारिश के कारण ग्राहक कम पहुंचे, जिससे बिक्री उम्मीद से कम रही। फूलों के दाम बढ़े, सफेद गजरे की सबसे ज्यादा मांग
करवा चौथ पर पूजा और शृंगार के लिए फूल खरीदने भी महिलाएं बाजार पहुंचीं। इस बार फूलों के दाम बढ़े हुए रहे। जो माला पहले 10 रुपए में मिलती थी, उसकी कीमत बढ़कर 20 रुपए हो गई। फूल विक्रेताओं के मुताबिक, सफेद गजरे की सबसे ज्यादा मांग रही। इसके अलावा करवा चौथ पर विशेष रूप से चढ़ाए जाने वाला कुश 20 रुपए में बिक रहा। चंदौली से फूल बेचने आईं महिलाएं, बारिश से कम हुई कमाई
फूल बेचने के लिए दूर-दूर से महिलाएं वाराणसी की फूल मंडी पहुंचीं। चंदौली से आई एक महिला ने बताया कि उन्हें त्योहार पर अच्छी कमाई की उम्मीद थी, लेकिन बारिश के कारण बिक्री प्रभावित हुई। उन्होंने कहा हम चंदौली से आए हैं। जितनी कमाई की उम्मीद थी, उतनी नहीं हो रही है। बारिश के कारण असर पड़ा है। दुकानदारों को ग्राहकों का इंतजार करवा चौथ के दिन दुकानदारों ने सुबह से ही पूजा सामग्री और फूलों की दुकानें सजा ली थीं। हालांकि, बारिश के कारण बाजार में ग्राहकों की आवाजाही कम रही। दुकानदारों का कहना है कि त्योहार के बावजूद बिक्री उम्मीद के मुताबिक नहीं हुई। शाम तक दुकानें सजी रहीं और दुकानदार ग्राहकों का इंतजार करते रहे।

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